बिहार विधान सभा चुनाव दे रहे हैं कुछ संकेत
हाल ही में सम्पन्न हुए बिहार राज्य की विधान सभा के चुनाव परिणाम आ गए…
हाल ही में सम्पन्न हुए बिहार राज्य की विधान सभा के चुनाव परिणाम आ गए…
कांग्रेस के गांधी परिवार और उनके इर्दगिर्द घूमने वाले तमाम नेताओं ने यह गलतफहमी पाल ली है कि वह भीड़तंत्र के सहारे सच को झूठ और झूठ को सच का लबादा पहना सकते हैं। कांग्रेस का मौजूदा नेतृत्व बार-बार हर चुनाव में भीड़तंत्र को ही जनाक्रोश समझने की भूल कर रहता है।
केंद्र की भाजपा सरकार की कई नीतियों, जैसे नोटबंदी, तालाबंदी, जीएसटी, कृषि-कानून, हाथरस कांड आदि ने आम जनता को इतना त्रस्त किया है कि उसका असर भी बिहार के चुनाव में दिखेगा। राजद का सबसे बड़ा तर्क यह है कि नीतीश का कुछ भरोसा नहीं।
आगामी विधानसभा चुनाव के मद्देनजर बिहार भाजपा ने चुनावी बिगूल फूंक दिया है। पार्टी ने दो बड़ी डिजिटल रैली करने की घोषणा की है। पहली वर्चुअल यानी डिजिटल रैली नौ जून को होगी